दिल्ली में रेड अलर्ट के बीच कई इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक जाम, जम्मू-कश्मीर में बारिश-लैंडस्लाइड के चलते यात्रा पर ब्रेक; बिहार और यूपी में भी नदियां उफान पर।

नई दिल्ली। देश के कई हिस्सों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। दिल्ली-NCR से लेकर जम्मू-कश्मीर, बिहार और उत्तर प्रदेश तक बारिश, बाढ़ और भूस्खलन के कारण हालात चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। दिल्ली के देवली इलाके में तेज बारिश के कारण शनिवार को पार्किंग की दीवार गिर गई, जिसके मलबे में 8 गाड़ियां दबकर क्षतिग्रस्त हो गईं। दिल्ली में मौसम विभाग ने शनिवार को भी रेड अलर्ट जारी किया है। तेज बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। शुक्रवार को दिल्ली-गुरुग्राम हाईवे समेत कई प्रमुख सड़कों पर करीब चार फीट तक पानी भर गया, जिसके कारण कई वाहन बीच रास्ते में फंस गए और लंबा ट्रैफिक जाम लग गया। अगस्त के पहले सप्ताह में दिल्ली में अब तक करीब 127 मिमी बारिश दर्ज की जा चुकी है। यह आंकड़ा 2011 के बाद अगस्त के शुरुआती सप्ताह में हुई सबसे अधिक बारिश बताई जा रही है। जम्मू-कश्मीर में खराब मौसम और भूस्खलन के खतरे को देखते हुए शनिवार को जम्मू से अमरनाथ यात्रा फिर रोक दी गई। प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया है। मौसम विभाग के अनुसार, 11 अगस्त तक जम्मू क्षेत्र में भारी बारिश, अचानक बाढ़ और लैंडस्लाइड का खतरा बना रह सकता है। ऐसे में यात्रा मार्गों पर प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां लगातार निगरानी कर रही हैं।
नेपाल में लगातार हो रही बारिश का असर बिहार में भी दिखाई दे रहा है। मुजफ्फरपुर में बागमती नदी उफान पर है, जबकि बगहा में गंडक नदी का पानी करीब 300 घरों में घुस गया है। प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम जारी है।
उत्तर प्रदेश में पिछले करीब 25 दिनों से जारी बारिश के कारण कई नदियां उफान पर हैं। वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से कई घाट पानी में डूब गए हैं। बताया जा रहा है कि 84 घाटों का संपर्क टूट गया है, जबकि करीब 50 से 60 छोटे मंदिरों में भी पानी पहुंच गया है।
आगरा में लगातार बारिश के बीच सड़क धंसने की घटना सामने आई है। सड़क का एक हिस्सा धंसने से करीब 20 फीट गहरा गड्ढा बन गया। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है और लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।
मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में कई राज्यों में भारी बारिश की संभावना जताई है। प्रशासन ने लोगों से जलभराव वाले इलाकों, नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है। राहत और बचाव दलों को भी अलर्ट पर रखा गया है।














