दतिया। दतिया विधानसभा उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी से टिकट नहीं मिलने के बाद मचे सियासी बवाल के बीच पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा पहली बार सामने आए हैं। उन्होंने अपने समर्थकों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह का उग्र प्रदर्शन नहीं करने की अपील की है। सोशल मीडिया पर समर्थकों द्वारा पेट्रोल और केरोसिन डालकर आत्मदाह की कोशिश के वीडियो वायरल होने के बाद नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि टिकट देना या न देना पूरी तरह पार्टी का निर्णय है और सभी कार्यकर्ताओं को इसका सम्मान करना चाहिए। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा, “यह पूरी तरह पार्टी का फैसला है। मैं सभी कार्यकर्ताओं से अपील करता हूं कि इस तरह की हरकतें बिल्कुल न करें। पार्टी फोरम में अपनी बात रखने का एक तरीका होता है, सड़कों पर हंगामा करने से बात नहीं पहुंचती।” दरअसल, भाजपा ने दतिया उपचुनाव के लिए डॉ. नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार बनाया है। इसके बाद दतिया और आसपास के क्षेत्रों में समर्थकों का विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया। कई स्थानों पर चक्काजाम किया गया और पार्टी नेतृत्व के खिलाफ नारेबाजी हुई। विरोध के बीच दतिया भाजपा के जिलाध्यक्ष रघुवीर सिंह कुशवाह सहित कई पदाधिकारियों ने अपने इस्तीफे सौंप दिए। टिकट बदलने की मांग को लेकर समर्थकों का प्रदर्शन लगातार चर्चा में बना हुआ है। हालांकि, नरोत्तम मिश्रा ने स्पष्ट संदेश दिया है कि कार्यकर्ता संयम रखें और पार्टी के निर्णय का सम्मान करें। उन्होंने कहा कि अपनी बात संगठन के उचित मंच पर रखी जाएगी, लेकिन किसी भी प्रकार का हिंसक या उग्र विरोध उचित नहीं है।














