उज्जैन। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के गृह जिले उज्जैन में सरकारी स्कूल की बदहाल स्थिति एक बार फिर चर्चा का विषय बन गई है। महिदपुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम जवासिया सोलंकी में ग्रामीणों ने विधायक दिनेश जैन को स्कूल पहुंचाकर जर्जर भवन और अव्यवस्थाओं की तस्वीर दिखाई। ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल भवन लंबे समय से जर्जर है और कई बार शिकायत करने के बावजूद शिक्षा विभाग ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। बच्चों को असुरक्षित माहौल में पढ़ाई करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। स्कूल की स्थिति देखकर विधायक दिनेश जैन नाराज हो गए। उन्होंने मौके से ही जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) को फोन लगाकर तत्काल मरम्मत और आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। विधायक ने चेतावनी दी कि यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो वे ग्रामीणों के साथ सड़क पर उतरकर चक्का जाम करेंगे।


विधायक ने कहा कि बच्चों के भविष्य के साथ किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और शिक्षा विभाग को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। ग्रामीणों का आरोप है कि स्कूल भवन की जर्जर हालत से हादसे का खतरा बना हुआ है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी लगातार अनदेखी कर रहे हैं। इस घटना के बाद मुख्यमंत्री के गृह जिले में सरकारी स्कूलों की स्थिति और शिक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। अब सबकी नजर शिक्षा विभाग पर है कि विधायक की चेतावनी के बाद स्कूल की मरम्मत और बुनियादी सुविधाओं को लेकर कितनी तेजी से कार्रवाई की जाती है।














