इंदौर। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शनिवार को अपने ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के लिए इंदौर पहुंच गए। कार्यक्रम में वे विद्यार्थियों और युवाओं से सीधे संवाद करेंगे। शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं, पेपर लीक, भर्ती प्रक्रिया और रोजगार जैसे मुद्दे कार्यक्रम के केंद्र में रहेंगे। यह ‘छात्रों की गूंज’ श्रृंखला का पांचवां आयोजन है। इससे पहले कोटा, देहरादून, प्रयागराज और पुणे में कार्यक्रम हो चुके हैं। राहुल गांधी के इंदौर पहुंचने पर एयरपोर्ट पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद वे होटल के लिए रवाना हुए। एयरपोर्ट से होटल तक अलग-अलग स्थानों पर स्वागत मंच भी बनाए गए थे। यातायात और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने शहर के कई मार्गों पर डायवर्जन की व्यवस्था की है।

शाम 5:30 बजे युवाओं से सीधा संवाद
राहुल गांधी का मुख्य कार्यक्रम रीजनल पार्क के सामने स्थित आईडीए मैदान, जिसे आयोजन के लिए ‘भारत जोड़ो मैदान’ नाम दिया गया है, में शाम 5:30 बजे से शुरू होगा। कार्यक्रम में युवाओं और विद्यार्थियों से शिक्षा, रोजगार और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर संवाद प्रस्तावित है। राहुल गांधी शाम से रात करीब 8:15 बजे तक कार्यक्रम में रहेंगे और इसके बाद दिल्ली लौटेंगे। कांग्रेस ने इस आयोजन को खास तौर पर युवा वर्ग और जेन-जी को ध्यान में रखकर तैयार किया है। कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी होंगी।

मंच पर राहुल गांधी अकेले
कार्यक्रम की एक खास बात इसका निर्धारित प्रारूप है। कांग्रेस के मुताबिक, आयोजन स्थल पर पार्टी के झंडे और चुनाव चिह्न का इस्तेमाल नहीं किया गया है और राहुल गांधी मंच से अकेले युवाओं से संवाद करेंगे। इसका फोकस राजनीतिक भाषण के बजाय युवाओं के सवालों और उनके मुद्दों पर बातचीत रखने की बात कही गई है।
अनुमति और तैयारियों को लेकर पहले से विवाद
राहुल गांधी के कार्यक्रम को लेकर आयोजन से पहले अनुमति और व्यवस्थाओं पर प्रशासन तथा कांग्रेस के बीच विवाद भी सामने आया। मूल रूप से कार्यक्रम के लिए जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम का इस्तेमाल प्रस्तावित था, लेकिन अनुमति नहीं मिलने के बाद रीजनल पार्क के सामने आईडीए की जमीन ली गई। आईडीए ने कार्यक्रम के लिए निर्धारित अवधि से पहले जमीन के कुछ हिस्से के इस्तेमाल को लेकर कांग्रेस से करीब 4.03 लाख रुपये की अतिरिक्त राशि जमा करने को कहा है। कांग्रेस ने इस मांग पर आपत्ति जताई है और इसे प्रशासनिक दबाव बताया है, जबकि प्राधिकरण ने इसे लीज की शर्तों से जुड़ा मामला बताया है। कार्यक्रम से पहले सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी पुलिस ने कई शर्तें तय की हैं। इन शर्तों को लेकर कांग्रेस और प्रशासन के बीच राजनीतिक बयानबाजी हुई है। प्रशासन की ओर से सुरक्षा इंतजामों को कार्यक्रम और राहुल गांधी की सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्था बताया गया है। अब नजर शाम के उस कार्यक्रम पर है, जहां राहुल गांधी के सामने इंदौर और मध्यप्रदेश के युवा शिक्षा, परीक्षा और रोजगार से जुड़े मुद्दे रखेंगे।













