दमोह। मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय की सख्त गाइडलाइन के बावजूद पुलिसकर्मियों द्वारा वर्दी में रील बनाने के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला दमोह जिले से सामने आया है, जहां जबलपुर नाका चौकी प्रभारी उप निरीक्षक प्रियंका पटेल का वर्दी में बनाया गया एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस विभाग में हलचल मच गई है और अधिकारियों ने मामले की जांच के निर्देश दिए हैं। वायरल वीडियो में उप निरीक्षक प्रियंका पटेल पुलिस की वर्दी में कुर्सी पर बैठी नजर आ रही हैं। वीडियो पर एक संदेश भी लिखा हुआ दिखाई दे रहा है— “खुद की समस्याएं सुलझ नहीं रही और नौकरी दूसरों की समस्या सुलझाने वाली कर ली।” इसी रील को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं और लोग इसे पुलिस मुख्यालय की गाइडलाइन के उल्लंघन से जोड़कर देख रहे हैं। अधिकारियों ने दिए जांच के निर्देश वीडियो वायरल होने के बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुजीत सिंह भदौरिया ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि जबलपुर नाका चौकी प्रभारी का एक वीडियो सामने आया है, जिसकी जांच के निर्देश दिए गए हैं। जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, इस मामले में सवाल यह भी उठ रहे हैं कि जब वीडियो में वर्दी में रील बनाना साफ नजर आ रहा है, तो फिर जांच की आवश्यकता क्यों पड़ रही है। सोशल मीडिया पर कई लोगों ने इसे अनुशासनहीनता बताते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
PHQ की गाइडलाइन के बावजूद फिर सामने आया मामला
पुलिस मुख्यालय पहले ही स्पष्ट कर चुका है कि वर्दी में ऐसी कोई भी रील, फोटो या वीडियो सार्वजनिक नहीं होना चाहिए, जिससे अनुशासनहीनता प्रदर्शित हो या विभाग की छवि प्रभावित हो। अधिकारियों और कर्मचारियों को अपने व्यवहार में संयम बरतने के निर्देश दिए गए हैं। इसके बावजूद दमोह का यह मामला फिर से पुलिसकर्मियों की सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर सवाल खड़े कर रहा है।
जांच के बाद होगी कार्रवाई
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के अनुसार, यह स्पष्ट किया गया है कि व्यक्तिगत कार्यक्रमों या निजी अभिव्यक्ति से जुड़ी सामग्री का पुलिस वर्दी में वायरल होना आपत्तिजनक है। ऐसे में अब इस पूरे मामले में जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, प्रियंका पटेल की यह रील जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है।














