कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल होने पर उठे सवालों के बीच दोनों नेताओं में जुबानी जंग, सिंधिया ने जनता पर छोड़ा फैसला
भोपाल। कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह के ‘गद्दार’ वाले बयान पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने पलटवार किया है। सिंधिया ने कहा कि कौन गद्दार है, इसका फैसला जनता करेगी। उन्होंने दिग्विजय सिंह पर निशाना साधते हुए कहा कि वह उस स्तर तक नीचे नहीं गिर सकते। दोनों नेताओं के बीच यह बयानबाजी मध्य प्रदेश की राजनीति में पुराने विवाद को फिर चर्चा में ले आई है।

दरअसल, दिग्विजय सिंह ने गुना जिले के मधुसूदनगढ़ क्षेत्र के रघुनाथ गांव और विदिशा जिले के मुंडेला गांव में सभाओं को संबोधित करते हुए सिंधिया पर निशाना साधा था। उन्होंने कहा था कि वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव के बाद मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनी थी, लेकिन सिंधिया कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए। दिग्विजय ने आरोप लगाया था कि सिंधिया अपने साथ कांग्रेस के विधायकों को भी ले गए और प्रत्येक विधायक को 25-25 करोड़ रुपये दिए जाने का दावा किया। उन्होंने इस घटनाक्रम को गद्दारी करार दिया था।
दिग्विजय सिंह के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए सिंधिया ने कहा कि जिन लोगों ने ओसामा बिन लादेन के लिए ‘ओसामा जी’ कहा और सत्ता में आने पर अनुच्छेद 370 बहाल करने की बात कही थी, उनके बारे में भी जनता फैसला करेगी कि कौन गद्दार है। उन्होंने कहा, “मैं उस स्तर तक नीचे नहीं गिर सकता।”
यह विवाद उस समय और बढ़ गया, जब दिग्विजय सिंह के गृह नगर राघोगढ़ में सिंधिया ने एक सार्वजनिक सभा को संबोधित किया था। इसके कुछ घंटों बाद दिग्विजय सिंह ने अपने पूर्व राजनीतिक सहयोगी पर तीखा हमला बोला। वर्ष 2020 में ज्योतिरादित्य सिंधिया के कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल होने और उनके समर्थक विधायकों के पार्टी बदलने के बाद से दोनों नेताओं के बीच राजनीतिक मतभेद लगातार सामने आते रहे हैं।
मध्य प्रदेश की राजनीति में दोनों नेताओं की बयानबाजी को कांग्रेस और भाजपा के बीच जारी राजनीतिक टकराव के तौर पर देखा जाता है। दिग्विजय सिंह ने सिंधिया के पार्टी बदलने पर सवाल उठाए, जबकि सिंधिया ने उनके आरोपों का जवाब देते हुए फैसला जनता पर छोड़ने की बात कही।













