उज्जैन में शाही मस्जिद के प्रभावित हिस्से को हटाने के दौरान हुए उपद्रव के बाद पुलिस ने सोशल मीडिया पर भी कार्रवाई तेज कर दी है। पुलिस के मुताबिक, भड़काऊ और वायरल कंटेंट से जुड़े 100 से ज्यादा इंस्टाग्राम और फेसबुक अकाउंट व पेज ब्लॉक करवाए गए हैं।

पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों के मोबाइल फोन, सोशल मीडिया गतिविधियों और कॉल डिटेल रिकॉर्ड यानी CDR की जांच कर रही है। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि उपद्रव से पहले और बाद में आरोपियों का किन लोगों से संपर्क हुआ था और सोशल मीडिया के जरिए किस तरह की गतिविधियां की गईं। इधर सिंहस्थ-2028 को देखते हुए सड़क चौड़ीकरण की जद में आ रहे शाही मस्जिद के प्रभावित हिस्से को हटाने का काम भी तेज कर दिया गया है। मंगलवार को मीनार पर मचान बांधा गया था, जबकि बुधवार को मीनार के गुम्बद वाले हिस्से को हटाया गया। इसके बाद मीनार समेत अन्य प्रभावित हिस्सों को हटाने की कार्रवाई शुरू की गई।
8 FIR में 34 आरोपी, 24 गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, 28 सितंबर को हुए उपद्रव के मामले में अब तक 8 FIR दर्ज की जा चुकी हैं। इनमें 34 आरोपियों को नामजद/आरोपी बनाया गया है, जबकि 24 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस CCTV फुटेज और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की लगातार जांच कर रही है। अधिकारियों के मुताबिक, जांच आगे बढ़ने के साथ और आरोपियों के नाम सामने आ सकते हैं।एसपी प्रदीप शर्मा के अनुसार, पथराव, भड़काऊ संदेशों के प्रसार और उपद्रव में शामिल लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस ने अब तक 100 से अधिक वायरल कंटेंट को ब्लॉक करवाया है। इसके साथ ही दूसरे जिलों से भी आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड मंगाया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि यदि किसी आरोपी की अन्य मामलों में संलिप्तता सामने आती है, तो संबंधित मामलों में उसकी जमानत निरस्त कराने के लिए भी कार्रवाई की जाएगी।













